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मुख्यमंत्री विधवा एवं एकल नारी आवास योजना – घर के लिए ₹1.50 लाख

सरकारी योजनाRead in English

संक्षेप में: हिमाचल प्रदेश की मुख्यमंत्री विधवा एवं एकल नारी आवास योजना में विधवा और 40 साल से ऊपर की एकल नारी को घर बनाने के लिए ₹1,50,000 मिलते हैं। परिवार की सालाना आय ₹3 लाख तक हो, पक्का घर न हो और कम से कम 2 बिस्वा ज़मीन हो। आवेदन मुख्यमंत्री कार्यालय में अनुबंध-1 पर होता है।

मुख्य जानकारी

संस्थासामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, हिमाचल प्रदेश सरकार
राज्यहिमाचल प्रदेश
सहायता राशि₹1,50,000 (घर बनाने के लिए), दो बराबर किस्तों में
कौन पात्रहिमाचल की स्थायी निवासी विधवा या एकल नारी (40 वर्ष या अधिक)
आय सीमापरिवार की सभी स्रोतों से सालाना आय ₹3,00,000 तक
ज़मीनराजस्व रिकॉर्ड में कम से कम 2 बिस्वा ज़मीन या सरकार द्वारा दी गई ज़मीन
आवेदन कहांमुख्यमंत्री/मुख्यमंत्री कार्यालय को अनुबंध-1 पर
भुगतानNEFT/RTGS से बचत खाते में; पहली किस्त प्लिंथ स्तर तक काम होने के बाद
पूछताछ (निदेशालय)0177-2622041, 0177-2620033

योजना क्या है?

मुख्यमंत्री विधवा एवं एकल नारी आवास योजना, 2023 हिमाचल सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की योजना है। मुख्यमंत्री के 2023-24 के बजट भाषण में घोषित इस योजना का मकसद आर्थिक रूप से कमज़ोर विधवाओं और एकल नारियों को अपना घर बनाने के लिए ₹1.50 लाख का अनुदान देना है। विभाग की वेबसाइट पर इसकी अधिसूचना, योजना दस्तावेज़ और SOP 3 फरवरी 2024 की तारीख के साथ उपलब्ध हैं।

पात्रता

  • हिमाचल की स्थायी निवासी विधवा (जिसने दोबारा शादी न की हो) या एकल नारी।
  • अपना घर न हो या कच्चा/जर्जर मकान हो।
  • परिवार की सालाना आय सभी स्रोतों से ₹3,00,000 से ज़्यादा न हो।
  • राजस्व रिकॉर्ड में कम से कम 2 बिस्वा ज़मीन हो, या सरकार ने ज़मीन दी हो।
  • परिवार ने किसी दूसरी योजना में घर के लिए सरकारी मदद न ली हो।

ज़रूरी दस्तावेज़

  1. अनुबंध-1 पर आवेदन
  2. सक्षम अधिकारी का विधवा/एकल नारी प्रमाण-पत्र
  3. सालाना आय प्रमाण-पत्र
  4. राजस्व अधिकारी का ज़मीन मालिकाना प्रमाण-पत्र (अनुबंध-2)
  5. पंचायत सचिव/नगर निकाय का NOC कि किसी दूसरे विभाग से आवास सहायता नहीं ली
  6. हिमाचल स्थायी निवासी प्रमाण-पत्र, बैंक पासबुक और आधार की कॉपी

शर्तें

घर भारी बर्फबारी वाले इलाकों में पहली किस्त से 2 साल में और बाकी जगह 18 महीने में पूरा करना होगा। छत और शौचालय पूरा होने पर अनुबंध-5 पर कार्यपूर्ति प्रमाण-पत्र देना होता है। घर बनने के 10 साल तक उसे बेचा या किसी और के नाम नहीं किया जा सकता।

स्टेटस कैसे जानें?

आपका आवेदन तहसील कल्याण अधिकारी के रजिस्टर (अनुबंध-3) में क्रमांक और तारीख के साथ दर्ज होता है। स्थिति जानने के लिए अपने तहसील या ज़िला कल्याण अधिकारी कार्यालय में संपर्क करें। स्वीकृति और अनुदान की शर्तों की सूचना लाभार्थी को पत्र से भेजी जाती है। अगर एक महीने में वचनबद्धता न दी जाए तो स्वीकृति रद्द होकर प्रतीक्षा सूची की अगली आवेदिका को मिल सकती है।

आवेदन कैसे करें

  1. जांचें कि आप विधवा या एकल नारी की परिभाषा, ₹3 लाख आय सीमा और 2 बिस्वा ज़मीन की शर्त पूरी करती हैं।
  2. अनुबंध-1 पर आवेदन तैयार करें और विधवा/एकल नारी प्रमाण-पत्र, आय प्रमाण-पत्र, ज़मीन का प्रमाण-पत्र (अनुबंध-2), NOC, हिमाचली स्थायी निवासी प्रमाण-पत्र, पासबुक और आधार की कॉपी लगाएं।
  3. आवेदन मुख्यमंत्री/मुख्यमंत्री कार्यालय, हिमाचल प्रदेश को भेजें।
  4. जांच के बाद फॉर्म उपायुक्त और ज़िला कल्याण अधिकारी से होते हुए तहसील कल्याण अधिकारी तक आता है, जो 45 दिन में मौके का निरीक्षण करते हैं।
  5. स्वीकृति का पत्र मिलने पर अनुबंध-4 पर वचनबद्धता दें और तय समय में घर बनाएं।

महत्वपूर्ण लिंक

योजना पेज – ESOMSA, हिमाचल प्रदेशClick Here
योजना दस्तावेज़ PDF (अनुबंध सहित)Click Here
SOP PDFClick Here

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इस योजना में कितना पैसा मिलता है?

घर बनाने के लिए ₹1,50,000 की सहायता मिलती है, जो दो बराबर किस्तों में बचत खाते में आती है।

एकल नारी किसे माना जाता है?

40 साल या उससे ज़्यादा उम्र की वह महिला जिसके पति 7 साल से लापता हों, जो अविवाहित हो, पति से अलग रह रही हो या माता-पिता के साथ रह रही हो। उम्र में छूट मुख्यमंत्री दे सकते हैं।

क्या बार-बार सहायता मिल सकती है?

नहीं, यह अनुदान 10 साल में एक बार ही मिलता है, सिवाय इसके कि घर प्राकृतिक आपदा में नष्ट हो जाए।

घर कैसा बनाना होगा?

कम से कम 180 वर्ग फुट प्लिंथ एरिया, जिसमें एक कमरा, रसोई, स्नानघर और शौचालय हो। लाभार्थी को अनुदान का कम से कम 25% अपनी तरफ से नकद, सामान या श्रम के रूप में लगाना होता है।

किसे पहले मंज़ूरी मिलती है?

पहले उन्हें जिनका घर आग, बाढ़, भूकंप जैसी आपदा में नष्ट हुआ हो, फिर 40% से ज़्यादा दिव्यांगता वाली महिलाओं को, उसके बाद बाकी पात्र आवेदिकाओं को।

⚠️ यह सरकारी वेबसाइट नहीं है। हम आधिकारिक स्रोतों की जानकारी आसान भाषा में देते हैं। आवेदन से पहले आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी अवश्य जांचें।